Domestic·

नाइजीरियन ठग रुपए ऐंठने के साथ ही फैला रहा था नशा, 10 करोड़ की ड्रग्स के साथ UP STF ने पकड़ा

नाइजीरियन ठग रुपए ऐंठने के साथ ही फैला रहा था नशा, 10 करोड़ की ड्रग्स के साथ UP STF ने पकड़ा

STF के अनुसार साइबर ठगी करने वाले अंतरराष्ट्रीय गिरोह के नाइजीरियाई सदस्य के कब्जे से 5.085 किलोग्राम प्रतिबंधित मादक पदार्थ मेथामफेटामाइन बरामद हुई है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में इसकी कीमत लगभग 10 करोड़ रुपये है। गिरफ्तार आरोपी की पहचान नाइजीरिया के इमो स्टेट निवासी ओबासे प्रास्पर के रूप में हुई है।

Nigerian thug arrested with drugs: यूपी एसटीएफ ने फेक प्रोफाइल बनाकर साइबर ठगी के मामले में आरोपी नाइजीरियन युवक को दिल्ली में अवैध मादक पदार्थ मेथामफेटामाइन के साथ गिरफ्तार किया है। एसटीएफ के अनुसार लगभग 10 करोड़ रुपये की मेथामफेटामाइन बरामद होने पर आरोपी की दिल्ली एनसीबी के हवाले कर दिया गया। आरोपी लखनऊ के डालीगंज निवासी युवक से 68 लाख रुपये की साइबर ठगी में शामिल था। मामले में आरोपी एक अन्य नाइजीरियन नागरिक को 16 मई को गिरफ्तार किया गया था।एसटीएफ के एएसपी विशाल विक्रम सिंह के अनुसार साइबर ठगी करने वाले अंतरराष्ट्रीय गिरोह के नाइजीरियाई सदस्य के कब्जे से 5.085 किलोग्राम प्रतिबंधित मादक पदार्थ मेथामफेटामाइन बरामद हुई है, जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत लगभग 10 करोड़ रुपये है। गिरफ्तार आरोपी की पहचान नाइजीरिया के इमो स्टेट निवासी ओबासे प्रास्पर (27) के रूप में हुई है। उसके कब्जे से पांच मोबाइल फोन, दो पासपोर्ट और मेथामफेटामाइन बरामद की गई। गिरफ्तारी दिल्ली में एनसीबी की जनरल यूनिट के साथ संयुक्त कार्रवाई में की गई।एएसपी के अनुसार, गिरोह फेसबुक, इंस्टाग्राम और व्हाट्सएप पर अमेरिका और ब्रिटेन के नागरिकों के नाम से फर्जी प्रोफाइल बनाकर भारतीय लोगों से दोस्ती करता था। इसके बाद महंगे गिफ्ट और विदेशी मुद्रा भेजने का झांसा देकर कस्टम, इनकम टैक्स और जीएसटी अधिकारियों के नाम पर फेक काल कर लाखों रुपये की ठगी करता था। जांच में सामने आया कि लखनऊ के डालिगंज निवासी युवक से पिछले वर्ष इसी तरीके से करीब 68 लाख रुपये की ठगी की गई थी। पूछताछ में आरोपी ओबासे ने साइबर ठगी के साथ दिल्ली में मादक पदार्थों की तस्करी में शामिल होने की भी बात स्वीकार की है।एसटीएफ का कहना है कि गिरोह ने देश के कई राज्यों में इसी तरह की ठगी की है। मामले में अन्य आरोपियों की तलाश की जा रही है। मामले में आरोपितों ने इंग्लैंड की निवासी युवती के नाम से फेक प्रोफाइल बनाकर लखनऊ निवासी युवक को अपने झांसे में लिया था। उसके ऐसी अन्य वारदातों में भी शामिल रहने की आशंका है। एसटीएफ इस मामले की गहराई से पड़ताल कर रही है ताकि साइबर ठगी और नशे के कारोबार के इस जाल को तोड़ा जा सके।

This is a summary. Read the full article at the original source.

Read full article at livehindustan