राजस्थान रॉयल्स छोड़ चेन्नई सुपर किंग्स जाना करियर का सबसे बड़ा जोखिम था, संजू सैमसन ने किया खुलासा

चेन्नई. भारतीय क्रिकेटर संजू सैमसन ने इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) में राजस्थान रॉयल्स छोड़कर चेन्नई सुपर किंग्स (सीएसके) से जुड़ने के अपने फैसले को लेकर बड़ा खुलासा किया है. उन्होंने स्वीकार किया कि यह कदम उनके करियर का सबसे बड़ा जोखिम था. संजू ने यह भी बताया कि आईपीएल 2026 की शुरुआत में खराब प्रदर्शन के दौरान महेंद्र सिंह धोनी की एक सलाह ने उनका आत्मविश्वास लौटाया और इसके बाद उनका पूरा सीजन बदल गया. जियो स्टार के कार्यक्रम 'सुपरस्टार्स' में बातचीत के दौरान संजू सैमसन ने कहा कि राजस्थान रॉयल्स छोड़ने का फैसला आसान नहीं था. उन्होंने बताया कि एक बार जब किसी खिलाड़ी ने अपनी टीम प्रबंधन को छोड़ने का फैसला बता दिया, तो उसके बाद वापसी का रास्ता नहीं बचता. यहां तक कि नीलामी में कौन-सी टीम खरीदेगी, इसकी भी कोई गारंटी नहीं होती. इसके बावजूद उन्होंने पहले ही तय कर लिया था कि 2025 का सीजन राजस्थान रॉयल्स के साथ उनका आखिरी सीजन होगा. संजू ने बताया कि इस फैसले से पहले उन्होंने अपने परिवार के साथ कई सप्ताह तक चर्चा की थी. उन्होंने कहा कि 30 वर्ष की उम्र में वह अपने करियर में नई चुनौती स्वीकार करने और नए सिरे से शुरुआत करने के लिए तैयार थे. उन्होंने यह भी कहा कि कई लोगों ने उन्हें सलाह दी थी कि चेपॉक की धीमी पिचों पर उनकी आक्रामक बल्लेबाजी सफल नहीं होगी, लेकिन उन्होंने अपनी क्षमता पर भरोसा रखा और खुद का रास्ता बनाने का फैसला किया. आईपीएल इतिहास के सबसे चर्चित ट्रेड में शामिल इस सौदे के तहत संजू सैमसन 18 करोड़ रुपये में चेन्नई सुपर किंग्स से जुड़े, जबकि राजस्थान रॉयल्स को बदले में रवींद्र जडेजा और सैम करन मिले. संजू ने बताया कि चेन्नई सुपर किंग्स में शामिल होने से पहले वह टी20 विश्व कप में 'प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट' चुने गए थे. हालांकि आईपीएल 2026 की शुरुआत उनके लिए बेहद निराशाजनक रही. शुरुआती तीन मुकाबलों में वह एकल अंक के स्कोर पर आउट हुए और चेन्नई सुपर किंग्स को भी लगातार तीन हार का सामना करना पड़ा. इसी कठिन दौर में महेंद्र सिंह धोनी ने उनका हौसला बढ़ाया. संजू ने बताया कि लगातार तीन हार के बाद अभ्यास सत्र के दौरान धोनी उनके पास आए और पूछा कि क्या सब कुछ ठीक है. जब उन्होंने अपनी बात शुरू करने की कोशिश की तो धोनी ने बीच में ही रोकते हुए कहा कि अपने मन को 'लेकिन' जैसे विचारों में मत उलझाओ. सिर्फ अपने खेल पर ध्यान दो, बाकी सब अपने आप ठीक हो जाएगा. संजू ने कहा कि धोनी की यह सलाह उनके लिए बहुत बड़ी सीख साबित हुई. उन्होंने अपने खेलने का अंदाज बदलने के बजाय उसी आत्मविश्वास के साथ अगले मुकाबले में उतरने का फैसला किया. इसके बाद दिल्ली कैपिटल्स के खिलाफ उन्होंने नाबाद 115 रन की शानदार शतकीय पारी खेली, जिसने उनके पूरे अभियान की दिशा बदल दी. शुरुआती संघर्ष के बाद संजू सैमसन का आईपीएल 2026 सीजन शानदार रहा. उन्होंने 14 पारियों में 43.36 की औसत और 165.63 के स्ट्राइक रेट से 477 रन बनाए. इस दौरान उनके बल्ले से दो शतक और एक अर्धशतक भी निकला. इस प्रदर्शन ने उन्हें चेन्नई सुपर किंग्स के सबसे प्रभावशाली बल्लेबाजों में शामिल कर दिया. संजू सैमसन के इस खुलासे से यह भी स्पष्ट हुआ कि करियर के महत्वपूर्ण फैसलों में जोखिम उठाना आसान नहीं होता, लेकिन सही समय पर मिला मार्गदर्शन और आत्मविश्वास किसी खिलाड़ी के प्रदर्शन को नई ऊंचाइयों तक पहुंचा सकता है.
चेन्नई. भारतीय क्रिकेटर संजू सैमसन ने इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) में राजस्थान रॉयल्स छोड़कर चेन्नई सुपर किंग्स (सीएसके) से जुड़ने के अपने फैसले को लेकर बड़ा खुलासा किया है. उन्होंने स्वीकार किया कि यह कदम उनके करियर का सबसे बड़ा जोखिम था. संजू ने यह भी बताया कि आईपीएल 2026 की शुरुआत में खराब प्रदर्शन के दौरान महेंद्र सिंह धोनी की एक सलाह ने उनका आत्मविश्वास लौटाया और इसके बाद उनका पूरा सीजन बदल गया. जियो स्टार के कार्यक्रम 'सुपरस्टार्स' में बातचीत के दौरान संजू सैमसन ने कहा कि राजस्थान रॉयल्स छोड़ने का फैसला आसान नहीं था. उन्होंने बताया कि एक बार जब किसी खिलाड़ी ने अपनी टीम प्रबंधन को छोड़ने का फैसला बता दिया, तो उसके बाद वापसी का रास्ता नहीं बचता. यहां तक कि नीलामी में कौन-सी टीम खरीदेगी, इसकी भी कोई गारंटी नहीं होती. इसके बावजूद उन्होंने पहले ही तय कर लिया था कि 2025 का सीजन राजस्थान रॉयल्स के साथ उनका आखिरी सीजन होगा. संजू ने बताया कि इस फैसले से पहले उन्होंने अपने परिवार के साथ कई सप्ताह तक चर्चा की थी. उन्होंने कहा कि 30 वर्ष की उम्र में वह अपने करियर में नई चुनौती स्वीकार करने और नए सिरे से शुरुआत करने के लिए तैयार थे. उन्होंने यह भी कहा कि कई लोगों ने उन्हें सलाह दी थी कि चेपॉक की धीमी पिचों पर उनकी आक्रामक बल्लेबाजी सफल नहीं होगी, लेकिन उन्होंने अपनी क्षमता पर भरोसा रखा और खुद का रास्ता बनाने का फैसला किया. आईपीएल इतिहास के सबसे चर्चित ट्रेड में शामिल इस सौदे के तहत संजू सैमसन 18 करोड़ रुपये में चेन्नई सुपर किंग्स से जुड़े, जबकि राजस्थान रॉयल्स को बदले में रवींद्र जडेजा और सैम करन मिले. संजू ने बताया कि चेन्नई सुपर किंग्स में शामिल होने से पहले वह टी20 विश्व कप में 'प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट' चुने गए थे. हालांकि आईपीएल 2026 की शुरुआत उनके लिए बेहद निराशाजनक रही. शुरुआती तीन मुकाबलों में वह एकल अंक के स्कोर पर आउट हुए और चेन्नई सुपर किंग्स को भी लगातार तीन हार का सामना करना पड़ा. इसी कठिन दौर में महेंद्र सिंह धोनी ने उनका हौसला बढ़ाया. संजू ने बताया कि लगातार तीन हार के बाद अभ्यास सत्र के दौरान धोनी उनके पास आए और पूछा कि क्या सब कुछ ठीक है. जब उन्होंने अपनी बात शुरू करने की कोशिश की तो धोनी ने बीच में ही रोकते हुए कहा कि अपने मन को 'लेकिन' जैसे विचारों में मत उलझाओ. सिर्फ अपने खेल पर ध्यान दो, बाकी सब अपने आप ठीक हो जाएगा. संजू ने कहा कि धोनी की यह सलाह उनके लिए बहुत बड़ी सीख साबित हुई. उन्होंने अपने खेलने का अंदाज बदलने के बजाय उसी आत्मविश्वास के साथ अगले मुकाबले में उतरने का फैसला किया. इसके बाद दिल्ली कैपिटल्स के खिलाफ उन्होंने नाबाद 115 रन की शानदार शतकीय पारी खेली, जिसने उनके पूरे अभियान की दिशा बदल दी. शुरुआती संघर्ष के बाद संजू सैमसन का आईपीएल 2026 सीजन शानदार रहा. उन्होंने 14 पारियों में 43.36 की औसत और 165.63 के स्ट्राइक रेट से 477 रन बनाए. इस दौरान उनके बल्ले से दो शतक और एक अर्धशतक भी निकला. इस प्रदर्शन ने उन्हें चेन्नई सुपर किंग्स के सबसे प्रभावशाली बल्लेबाजों में शामिल कर दिया. संजू सैमसन के इस खुलासे से यह भी स्पष्ट हुआ कि करियर के महत्वपूर्ण फैसलों में जोखिम उठाना आसान नहीं होता, लेकिन सही समय पर मिला मार्गदर्शन और आत्मविश्वास किसी खिलाड़ी के प्रदर्शन को नई ऊंचाइयों तक पहुंचा सकता है. Source : palpalindia ये भी पढ़ें :-
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